अजमेर (एकता): अजमेर के पर्वतारोही अनुराग मालू को नेपाल में रेस्क्यू करने वाली कंपनी ने बड़ा झटका दिया है। मीडिया सूत्रों के अनुसार 17 अप्रैल को नेपाल में अनुराग के लापता होने के बाद रेस्क्यू टीम ने तलाश शुरू कर दी थी। दिन-रात तलाशने के बाद भी टीम ने हाथ खाली रहे। बीमा कंपनी ने एक दिन का ही रेस्क्यू का खर्चा वहन किया।

बता दें कि अनुराग 300 मीटर बर्फीले पहाड़ में गिरकर सुरंगनुमा संकरी दरार में फंस गए थे। वह बेहोशी की हालात में मिले और ठीक से सांस भी नहीं ले पा रहे थे। रेडियो सिग्नल से उनकी लोकेशन ट्रैस हुई। तब बचाव दल के लोग रस्सियों के जरिए बिना ऑक्सीजन मास्क लगाए ही उसे बर्फीली दरार से जिंदा बाहर लेकर आए। लेकिन अब अनुराग के परिवार को कंपनी ने करीब 70 लाख रुपए का बिल भरने को कहा है। पिता ने पीएम नरेंद्र मोदी, सीएम और जिला कलेक्टर सभी से आर्थिक मदद दिलवाने के लिए गुहार लगाई है। दरअसल अनुराग का परिवार गरीब है, उनकी हालत ऐसी है कि वह इतना बिल नहीं भर सकते।

अनुराग के पिता ने अजमेर से बीजेपी के लोकसभा सांसद भागीरथ चौधरी को पत्र लिखकर आर्थिक स्थिति की गुहार लगाई है। इसलिए भारत में नेपाल के दूतावास को पत्र लिखकर भारत सरकार की ओर से खोज कार्य की राशि वहन करवाने का पत्र जल्द से जल्द लिखें। ताकि अनुराग को नेपाल से भारत लाया जाए। नेपाल में रेस्क्यू करने वाली कंपनी ने 23 अप्रैल तक इस राशि का भुगतान करने को कहा है। वहीं दूसरी ओर जिला कलेक्टर ने सीएम अशोक गहलोत को पत्र लिखकर भारत सरकार से यह राशि वहन करवाने की मांग रख दी है।