खनौरी बॉर्डर पर हुई एक घटना में पंजाब के बठिंडा में रहने वाले 21 वर्षीय शुभकरण सिंह की मौ/त हो गई. और कई पुलिस कर्मी घा/य/ल हो गए, जिससे किसानों को मार्च दो दिनों के लिए रोकना पड़ा। किसान नेताओं ने सिंह की मौ/त के मामले में एफआईआर दर्ज करने के संबंध में पंजाब सरकार के समक्ष अपनी शिकायतें व्यक्त कीं और जोर देकर कहा कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं हो जातीं, तब तक मृ/त/क का संस्कार नहीं किया जाएगा। स्थिति तब बिगड़ गई जब किसानों ने हरियाणा के सुरक्षाकर्मियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज, पंजाब पुलिस की आलोचना की, किसान न केवल न्याय बल्कि श्री सिंह के लिए ‘शहीद’ का दर्जा भी मांग रहे हैं।
किसान नेताओं ने मार्च 29 फरवरी तक टाला, एंव 29 फरवरी के बाद ही आगे की कार्यवाही की जाएगी।
आंदोलन कर रहे किसानों द्वारा रखी गई मांगें, जिनमें न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) पर कानूनी गारंटी, स्वामीनाथन आयोग की सिफारिशों को लागू करना और कृषि ऋण माफी शामिल हैं।