नई दिल्ली: गोवा रेस्टोरेंट मामले का विवाद थमने का नाम ही नहीं ले रहा है। बता दें कि अब केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी से दिल्ली हाईकोर्ट ने ट्विटर की उस याचिका पर जवाब मांगा, जिसमें सोशल मीडिया मंच ने अदालत के एक पूर्व के आदेश में कुछ स्पष्टीकरण मांगा है। हाईकोर्ट ने एक आदेश में सोशल मीडिया मंच से भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की नेता ईरानी और उनकी बेटी के खिलाफ आपत्तिजनक सामग्री वाले वेब लिंक हटाने का निर्देश दिया था। जिसमें ईरानी को अदालत के 29 जुलाई के आदेश के संबंध में स्पष्टीकरण मांगा है।
मानहानि के मामले पर सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने 29 जुलाई को कांग्रेस के तीन नेताओं जयराम रमेश, पवन खेड़ा तथा नेट्टा डिसूजा को समन जारी किया था। इससे पहले, गूगल ने दिल्ली हाईकोर्ट को बताया था कि उसने स्मृति ईरानी और उनकी बेटी के खिलाफ कथित रूप से आपत्तिजनक सामग्री वाले वेब लिंक को हटाने के आदेश का अनुपालन किया है। हाईकोर्ट ने गूगल के 29 जुलाई के आदेश में संशोधन के अनुरोध पर भी भाजपा नेता को अपना रुख स्पष्ट करने को कहा था। ईरानी और उनकी बेटी विवाद का केंद्र बने गोवा के एक रेस्तरां-सह-बार की मालिक नहीं थीं और न ही उनके पक्ष में कभी लाइसेंस जारी किया गया।